जनमत भास्कर छिंदवाड़ा:- सोमवार को सुखदेव पिता देवाराम कोडले उम्र 38 साल निवासी ग्राम घोघरी थाना मोहखेड ने पुलिस थाना में उपस्थित होकर रिपोर्ट दर्ज कराया थी कि मेरे पिता (मृतक) देवाराम पिता नानाजी कोडले उम्र 60 साल निवासी ग्राम घोघरी रोज की तरह रविवार को सुबह 09.30 बजें जानवर चराने जंगल तरफ गये थे,शाम तक घर वापस नही आयें,तब मैं मोटरसायकल से डोबन तरफ गया,तब सागौन के पेड के पास पिता (मृतक) देवाराम औंधे अवस्था में पडे थे,सिंर में जगह-जगह धारदार वस्तु के गंभीर निशान थे, रिपोर्ट पर पुलिस द्वारा अपराध क्र 358/25 धारा 103(1) बीएनएस पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस अधीक्षक छिन्दवाडा निवेदिता गुप्ता,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक छिन्दवाडा आयुष गुप्ता के निर्देशन तथा उप पुलिस अधीक्षक रामेश्वर चौबें के नेतृत्व में थाना प्रभारी खेलचंद पटले व चौकी प्रभारी पारसनाथ आर्मो द्वारा मामला गंभीर प्रकृति का होने से तत्काल त्वरित कार्यवाही करते हुए आरोपी की गिरफ्तारी/पतासाजी हेतु पुलिस टीम गठित की गई,पुलिस टीम द्वारा (मृतक का बडा भाई) आरोपी सेवाराम पिता नानाजी कोडले उम्र 65 साल निवासी ग्राम घोघरी को दबिश/घेराबंदी कर पुलिस अभिरक्षा मे लिया गया, जिससे घटना के संबंध मे बारीकी से पूछताछ की गई तो उसने बताया कि लगभग 6 -7 साल पहले छोटे भाई देवाराम से मकान बनाने की बात को लेकर विवाद हुआ था,तब से हमारी बोल चाल (बातचीत) बंद है,वो हमेशा मुझे कोसता रहता था कि तेरा नाती मर जाये,तेरा बुरा हो जाये,इसके बाद तीन साल पहले मेरा नाती जो लगभग 15 साल का था, बीमार हुआ,मैने बहुत ईलाज कराया लेकिन वह मर गया। इसी रंजिश के कारण जब देवाराम जंगल में मवेशी चरा रहा था,उसी दौरान मेरी दो-तीन भैस डोवन के पानी में बैठी हुई थी,तभी देवाराम अपने मवेशी लेकर आया और मेरे मवेशी उठाने लगा,मैने मना किया तो तमतमाकर,मेरे उपर कुल्हाडी उठा लिया,तो मुझे भी आवेश आ गया और मैने अपनी कुल्हाडी से उसके सिर के पीछे तीन-चार वार मारकर हत्या करना स्वीकार किया। आरोपी की निशानदेही मे घटना के दौरान प्रयुक्त कुल्हाडी एवं अन्य भौतिक साक्ष्य विधिवत् जप्त कियें गयें।आरोपी सेवाराम पिता नानाजी कोडले उम्र 65 साल निवासी ग्राम घोघरी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया जहां से उसे जेल रवाना किया गया।
पुलिस टीम
इस हत्याकांड को त्वरित सुलझाने एवं आरोपी को गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी खेलचंद पटले,चौकी प्रभारी पारसनाथ आर्मो व थाना/चौकी पुलिस स्टॉफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधीक्षक छिन्दवाडा द्वारा पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा भी की गई है।




