जनमत भास्कर,छिंदवाड़ा:- गांव की मिट्टी की सौंधी खुशबू, केवल देश के महानगरों से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी पर्यटकों को पर्यटन ग्राम सावरवानी खींच लाती है…सुबह-सबेरे मुर्गे की बांग, बकरियों की मिमियाहट, बैलगाड़ी की सवारी,लोक – नृत्य,मिट्टी के घर,गांव में हरे-भरे खेत,कच्चे रास्ते, गलियों में खेलते गाय-भैंस के बछड़े और सुकून भरा माहौल यहां की पहचान है।बीते 03 सालों में 12 देशों सहित भारत के 15 प्रदेशों के 10 हजार से अधिक पर्यटक छिंदवाड़ा जिले के तामिया विकासखंड के इस पर्यटन ग्राम सावरवानी में स्वाद,संस्कृति,सुकून और सादगी का आनंद लेने के साथ,मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड द्वारा विकसित यहां के होम स्टे में हेल्दी व हैप्पी लाइफ जी चुके हैं।ग्रामीण पर्यटन का नया चेहरा बनकर उभरे सावरवानी गांव में 14 जनवरी 2023 में जबसे तत्कालीन जिला पंचायत सीईओ व वर्तमान छिंदवाड़ा कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने ग्राम के पहले होम स्टे का शुभारंभ फीता काटकर किया,तभी से पूरा ग्राम आत्मनिर्भर बनकर अपने पैरों पर खड़ा हुआ और फिर कभी पीछे मुडक़र नहीं देखा।
छिंदवाड़ा कलेक्टर हरेंद्र नारायन व जिला पंचायत सीईओ अग्रिम कुमार के कुशल मार्गदर्शन में मॉडल गांव बनकर उभरे पर्यटन ग्राम सावरवानी में वर्तमान में 09 होम संचालित हो रहे हैं और दो होम स्टे निर्माणाधीन है।गांव की गलियों,खेतों की हरियाली और मिट्टी की सोंधी खुशबू के साथ एडवेंचर,देसी भोजन का स्वाद,संस्कृति और सुकून में पर्यटकों का मन,मानो रम ही गया है।यही करण है कि मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा होम स्टे बुकिंग छिंदवाड़ा के पर्यटन ग्राम सावरवानी को मिल रही है।दिसंबर माह के अंतिम व जनवरी के शुरूआती दिनों में यहां पर सारे होम स्टे पर्यटकों से गुलजार रहे।यहां आने वाला हर मेहमान शहरी जीवन की भागदौड़ से दूर शांति और प्रकृति के बीच सुकून का अनुभव करता है।इस गांव को निखारने में मध्यप्रदेश टूरिज्म बोर्ड के साथ छिंदवाड़ा जिला प्रशासन और विलेज – वे संस्था का भी विशेष योगदान है।
रोजगार का बंपर तोहफा
मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड की ग्रामीण पर्यटन से जुड़ी होम स्टे योजना से सावरवानी को रोजगार का बंपर तोहफा मिला।यहां की स्थानीय महिलाओं ने पर्यटकों को अपने हाथों से बना हुआ शुद्ध देशी घी बेचा और 11 लाख से अधिक की आय अर्जित कर चुकी हैं।घरों के बगीचे और खेतों में उगाई गई दाल व सब्जियों के साथ ज्वार-मक्के के आटे ने भी बिक्री कीर्तिमान रचा है।गाइड,बैलगाड़ी चालक से लेकर करीब लोकनृत्य से जुड़े 100 से अधिक व्यक्ति, होम स्टे बन जाने से प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार से जुड़ गए हैं।रोजगार से जुड़े सभी ग्रामीणों ने इन 03 सालों में स्वयं को आत्मनिर्भर बना लिया है।
कई अवार्ड जीत चुका है गांव
मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड के अधिकारियों के मार्गदर्शन में सावरवानी ग्राम कई अवार्ड जीत चुका है।सावरवानी की टीम को मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव द्वारा भोपाल में सम्मानित किया जा चुका है। दो बार गोल्डन कैटेगरी में पर्यटन के क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ अवार्ड के साथ इसे पहले फाइव ग्रीन लीफ रेटिंग होम स्टे का खिताब मिला हुआ है। सावरवानी को देश भर के कई ग्रामों में बन रहे होम स्टे के लिए मॉडल बनाकर एक्सपोजर विजिट के लिए चुना गया है।जिला स्तर पर भी सावरवानी को कई बार सम्मानित किया जा चुका है। यही कारण है कि ग्रामीण पर्यटन के इस नए चेहरे ने जिले को न केवल प्रदेश में बल्कि विदेशियों के बीच भी एक नई पहचान दिलाने में सफलता पाई है।




