जनमत भास्कर छिंदवाड़ा:- मंगलवार दोपहर छिंदवाड़ा में उस समय हड़कंप मच गया जब जिला जेल में हत्या के आरोप में बंद एक कैदी जिला जेल की दीवार फांदकर सुरक्षा व्यवस्था को धता बताते हुए फरार हो गया,जैसे ही यह सूचना जेल प्रबंधन के अधिकारी व कर्मचारियों को लगी तो सभी आनन फानन में फरार कैदी की तलाश में जुट गए…गनीमत यह रही कि जेल की दीवार फांदकर फरार होने की मंशा लिए कैदी को स्थानीय रहवासियों ने देख लिया और उसे पकड़कर जेल प्रबंधन के हवाले कर दिया।

दरअसल आसिफ नामक कैदी हत्या के एक मामले में जिला जेल में निरुध्द है,मंगलवार दोपहर उसने जेल से भागने की सोची और फिर वो जेल की आउटर वॉल में चढ़कर दूसरी तरफ कूदा ही था कि स्थानीय रहवासियों ने उसे चोर समझकर पकड़ लिया..स्थानीय रहवासी जब तक उससे कुछ ज्यादा पूछताछ कर पाते तब तक जेल के प्रहरी वहां पहुंच गए और फरार कैदी को अपनी अभिरक्षा में लिया…इस घटना के सम्बंध में मीडिया से चर्चा करते हुए जेल अधीक्षक प्रतीक जैन ने जेल प्रबंधन की सफाई में अपने तर्क देते हुए बताया कि चूंकि जहां से कैदी भागा था वहां की दीवार छोटी थी और अपनी लंबी हाइट का फायदा उठाकर कैदी ने दीवार फांदने की हिम्मत की और साथ ही यह जेल भी काफी पुरानी है हम लोक निर्माण विभाग से पत्राचार कर इन दीवारों को ऊंची करवाने का प्रयास करेंगे…वहीं जेल से भागे कैदी को पकड़ने वाले स्थानीय रहवासी अफराज,रजा व अन्य युवकों ने बताया कि एक कैदी जेल से भाग कर हमारे मोहल्ले में आ गया था और हमारे घर की दीवार भी कूदने का प्रयास कर रहा था,कुछ हलचल होते हुए देख हमने उसे पकड़ और फिर पुलिस और जेल प्रबंधन के कर्मचारियों के आने के बाद हमें वास्तविकता मालूम हुई।

शहर के बीचो-बीच स्थित,संपूर्ण परिसर सीसीटीवी कैमरे से लैस और ढेरों प्रहरियों व कर्मचारियों और तमाम सुरक्षा संसाधनों के होने के बावजूद भी जिला जेल से दिनदहाड़े एक कैदी का भाग जाना कहीं न कहीं जेल प्रबंधन की गंभीर लापरवाहियों को उजागर करता है लेकिन जिला जेल के अधीक्षक प्रतीक जैन मीडिया से बात करते समय सिर्फ और सिर्फ सफाई देते नजर आ रहे हैं…अब देखना यह है कि जेल विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और स्थानीय जिला प्रशासन इस घटना के संबंध में क्या कार्रवाई करता है।।